बच्चों ने मिलकर की सड़क की मरम्मत

TimeMon, Nov 24, 2008 at 15:42 , Updated at Mon, Nov 24, 2008 सिटिज़न जर्नलिस्ट सेक्शन

Tagsटैग: CJ,Hena, MP | 0 कमेंट्स

Email Print

खराब रास्ते से गुजरना बच्चों की मजबूरी बन गई है।

खराब रास्ते से गुजरना बच्चों की मजबूरी बन गई है।

    

शाजापुर, मध्य प्रदेश। नगरपालिका प्रशासन की बेरुखी के चलते स्कूली बच्चों ने खुद अपने हाथों से सड़क रिपेयरिंग का बीड़ा उठाया। गड्ढों भरे रास्ते पर अपनी सहपाठी के गिर जाने से घायल होने पर उन्होंने ये कदम उठाया। मामला मध्य प्रदेश के शाजापुर ज़िले के अगर का है।

हिना शेख दसवीं क्लास में पढ़ती हैं। वो और उनके साथी स्कूल जाने के लिए गड्ढों से भरे इस रास्ते का इस्तेमाल करते हैं। ऐसे खराब रास्ते से गुजरना बच्चों की मजबूरी बन गई है।

इस रास्ते पर चलना बच्चों के लिए खतरों से खाली नहीं है। यहां कभी भी कोई छात्र गिरकर घायल हो जाता है तो कभी किसी की साइकिल पंचर हो जाती है। बड़े-बड़े पत्थर और गड्ढों इनके लिए रोज़ की मुसीबत बन चुके हैं।

बड़े-बड़े गड्ढों और पत्थरों से भरे इस ऊबड़-खाबड़ रास्ते पर आये दिन कोई न कोई दुर्घटना होती रहती है। ये बात इस स्कूल के बच्चों के लिए नई नहीं है।

ऐसा नहीं है कि नगरपालिका को इस टूटी-फूटी और बदहाल सड़क के बारे में मालूम नहीं है। लेकिन नगरपालिका के अधिकारियों ने इस सड़क को ठीक करने के बारे में कभी भी नहीं सोचा। ऐसा लगता है कि उन्हें बच्चों के बारे में ज़रा भी ख्याल नहीं है। नगरपालिका के लापरवाह रवैये को देखते हुए हिना ने इस मुसीबत से खुद ही छुटकारा पाने का संकल्प किया है।

बच्चों ने श्रमदान करके इस सड़क को अपने इस्तेमाल लायक बनाया है। इन्होंने खुद चिलचिलाती धूप में पढ़ाई से वक्त निकालकर ये सड़क रिपेयर की। बच्चों ने अपनी मेहनत से ये सड़क तो रिपेयर कर दी लेकिन हिना नगरपालिका के अधिकारियों से ये पूछना चाहती हैं कि आखिर इतने दिनों से इस टूटी-फूटी सड़क का रिपेयर नगरपालिका ने क्यों नहीं किया। वो क्यों अपनी ज़िम्मेदारी से लगातार मुंह चुरा रहे हैं।

इसके बाद हिना अपने कुछ सहपाठियों के साथ अधिकारियों से मिलने भी गई। अधिकारियों ने कहा कि वो आगे से अपनी ज़िम्मेदारी ज़रुर पूरी करेंगे और आने वाले समय में सड़क की मरम्मत का काम वो खुद करेंगे। अगर ऐसा नहीं होता है तो हिना एक बार फिर इनसे सवाल करने जरुर जाएंगी।

हॉट सीट

हॉट सीट में सबसे वरिष्ठ पत्रकार राजदीप सरदेसाई और आशुतोष...

सारे शो देखें »

IBN7 अब टाटास्काई पर भी उपलब्ध। चैनल नंबर 511

आप ममता के रेल बजट को 100 में से कितने नंबर देगें?

20(खराब)

50(औसत)

70(बढ़िया)

70 से ऊपर(बहुत बढ़िया)

हमारे बारे में | विज्ञापन | शिकायत निपटारा | RSS

कॉपीराइट IBN7 खबर। सर्वाधिकार सुरक्षित