बिहार के 6 मंदिरों में दलित पुजारियों की नियुक्ति

TimeTue, Nov 18, 2008 at 13:51 सिटी खबरें सेक्शन

Tagsटैग: Bihar,Dalit | 0 कमेंट्स

Email Print

बिहार सरकार ने राज्य में सामाजिक समरसता कायम करने के मकसद से पहल की।

बिहार सरकार ने राज्य में सामाजिक समरसता कायम करने के मकसद से पहल की।

पटना। बिहार सरकार ने राज्य में सामाजिक समरसता कायम करने के मकसद से अब मंदिरों में दलित पुजारी नियुक्त करने का सिलसिला शुरू किया है। उसने राज्य के छह मंदिरों में दलित पुजारी नियुक्त किए हैं और दो अन्य मंदिरों में दलित पुजारियों की नियुक्ति जल्दी ही करने वाली है।

भारतीय पुलिस सेवा से अवकाश प्राप्त किशोर कुणाल के प्रयास से राज्य में पहली बार 13 जून 1993 में पटना के प्रसिद्घ महावीर मंदिर में दलित संत सूर्यवंशी दास को पुजारी नियुक्त किया गया था। इस मौके पर महंत अवैद्यनाथ एवं महंत रामचंद्र परमहंस भी उपस्थिति थे।

राज्य सरकार ने इसके बाद वर्ष 2006 में किशोर कुणाल को बिहार राज्य धार्मिक न्यास बोर्ड का प्रशासक नियुक्त कर दिया। बोर्ड के प्रशासक बनते ही कुणाल ने राज्य में मंदिरों की दशा सुधारने का अभियान शुरू कर दिया।

किशोर कुणाल ने बताया कि राज्य में महावीर मंदिर के अलावा पालीगंज स्थित राम-जानकी मंदिर में जनार्दन मांझी, बिहटा स्थित शिव मंदिर में यमुनादास को पुजारी नियुक्त किया गया है। इसके अलावा हाजीपुर स्थित विशाल महादेव मंदिर में चन्द्रेश्वर दास को, बोधगया के जगन्नाथ मंदिर में दीपक दास को तथा मुजफ्फरपुर के मनिहारी में जगदीश दास को पुजारी नियुक्त किया गया है। ये सभी संत दलित समुदाय से हैं।

कुणाल के अनुसार ऐसे अभियानों में कई परेशानियों का सामना अवश्य करना पड़ता है, परंतु लोगों का सहयोग भी मिलता हैं। उन्होंने बताया कि चंपारण स्थित केसरिया के राम-जानकी मंदिर एवं बेगूसराय के राम-जानकी मंदिर में भी जल्द ही दलित पुजारी नियुक्त करने की योजना है।

ज़िंदगी लाइव

मुसीबतों, परेशानियों, हादसों और कुदरत के कहर में फंस कर...

सारे शो देखें »

क्या आपको लगता है कि भारत के दिए सबूतों पर पाक कोई कार्रवाई करेगा?

हां

नहीं

पता नहीं

हमारे बारे में | विज्ञापन | हमें बताइए | RSS

कॉपीराइट IBN7 खबर। सर्वाधिकार सुरक्षित