भारतीय नौसेना ने सोमालियाई लुटेरों के छक्के छुड़ाए
Tue, Nov 18, 2008 at 10:46 , Updated at Wed, Nov 19, 2008 दुनिया सेक्शन
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समुद्री लूटेरों ने एक समुद्री जहाज को अगवा कर लिया था।
मुंबई। भारतीय नौसेना के पोत आईएनएस तबर ने बुधवार को सोमालियाई तट पर समुद्री लुटेरों का हमला नाकाम कर उनके जहाज को डुबो दिया। इस बीच मंगलवार रात सोमालियाई लुटेरों ने एक और मालवाहक पोत अगवा कर लिया। उसके 25 सदस्यीय चालक दल में भारतीय भी शामिल हैं।
अदन की खाड़ी में लुटेरों की गतिविधियों को रोकने और गश्त के लिए तैनात भारतीय नौसेना के पोत पर मंगलवार देर रात लुटेरों ने हमला किया था। डुबाया गया जहाज संभवत: लुटेरों का मुख्य जहाज था।
भारतीय नौसेना के प्रवक्ता नीरद सिन्हा ने बताया कि आईएनएस तबर ने दक्षिण पश्चिम अदन खाड़ी में समुद्री लुटेरों के एक जहाज को डुबा दिया। इसके साथ दो स्पीड बोट भी थीं। इसे कई जहाजों की लूट में शामिल गिरोह का मुख्य जहाज माना जा रहा है।
प्रवक्ता के अनुसार तबर ने इस जहाज के नजदीक जाकर संदिग्ध जहाज से जांच के लिए रुकने को कहा। बार-बार रुकने के लिए कहे जाने पर भी जहाज नहीं रुका और इसने तबर को उड़ाने की धमकी दी। जहाज के ऊपरी डेक पर राइफलों और ग्रेनेड लांचरों के साथ खड़े लुटेरों ने आईएनएस तबर पर गोलीबारी आरंभ कर दी।
तबर ने भी आत्मरक्षा में गोलाबारी की। संभवत: लुटेरों के जहाज पर विस्फोटक पदार्थो के होने के कारण भारी विस्फोट हुआ। विस्फोट से उनका जहाज डूब गया। इस बीच दो नौकाएं भाग निकलीं। तबर ने पहली नौका का पीछा किया, जिसे बाद में खाली पाया गया। अंधेरे का लाभ उठाकर दूसरी नौका भागने में सफल रही।
गौरतलब है कि तबर ने पिछले हफ्ते ही दो जहाजों को समुद्री लुटेरों से बचाया था। इनमें एक भारतीय और दूसरा सऊदी अरब का था। दो नवंबर से आईएनएस तबर ने अदन की खाड़ी में गश्त लगानी शुरू की है। इसने 35 जहाजों को सुरक्षापूर्वक खाड़ी पार करने में मदद की है। इनमें कई विदेशी जहाज भी शामिल हैं।
इस बीच सोमालियाई समुद्री लुटेरों ने अदन की खाड़ी से मंगलवार रात एक और मालवाहक पोत अगवा कर लिया। इस पोत पर 35,000 टन गेहूं लदा है और उसके 25 सदस्यीय चालक दल में भारतीय भी हैं।
नेशनल यूनियन ऑफ सीफार्स ऑफ इंडिया (एनयूएसआई) के प्रवक्ता सुनील नायर ने बुधवार को बताया कि ताजा जानकारी के मुताबिक चालक दल के कुछ सदस्य ईरान और फिलीपींस के भी हैं।
नायर ने बताया कि हम संबद्ध समुद्री प्रशासन के संपर्क में हैं लेकिन अभी तक जहाज में मौजूद भारतीयों की संख्या और अन्य जानकारियां उपलब्ध नहीं हो सकी हैं।
उन्होंने बताया कि जहाज पर हांगकांग का ध्वज लगा था और वह हांगकांग से ईरान के बंदार अब्बास तट की ओर जा रहा था।
जहाज इस समय सोमालिया के निकट किसी स्थान पर लंगर डाले हैं और उसका नियंत्रण समुद्री लुटेरों के हाथ है।

























