द्रौपदी के बारे में अश्लील भाषा का विरोध

इस पुस्तक के लिए आंध्र प्रदेश साहित्य अकादमी ने साहित्य अकादमी का पुरस्कार घोषित किया है।
नई दिल्ली। भारतीय जनता पार्टी(बीजेपी) की राष्ट्रीय महिला मोर्चा प्रभारी तथा सांसद सुमित्रा महाजन ने राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल से भेंटकर यरलगड्डा लक्ष्मी प्रसाद द्वारा लिखित(द्रौपदी) उपन्यास में द्रौपदी के बारे में अश्लील भाषा के बारे में कडा़ विरोध दर्ज कराया है।
महिला मोर्चा की ओर से आज यहां जारी वक्तव्य में कहा कि महाजन के नेतृत्व में महिला मोर्चा के प्रतिनिधिमंडल ने राष्ट्रपति से कहा कि इस पुस्तक में द्रौपदी के बारे में अश्लील बातें लिखी गई हैं। और भगवान श्रीकृष्ण का द्रौपदी के प्रति भाव गलत ढंग से प्रस्तुत किया गया है। इस पुस्तक के लिए आंध्र प्रदेश साहित्य अकादमी ने साहित्य अकादमी का पुरस्कार घोषित किया है।
विज्ञप्ति में दावा किया गया है कि राष्ट्रपति ने माना कि हमारे पौराणिक व्यक्तियों पर टिप्पणी करना भारतीय संस्कृति पर चोट है और साथ ही उन्होंने सरकार को पत्र लिखकर जांच कराने का आश्वासन दिया है।
महाजन ने राष्ट्रपति को बताया कि यह पुस्तक हमारी पौराणिक ऐतिहासिक ग्रंथो पर आघात है। इसलिये लेखक को साहित्य अकादमी का पुरस्कार देना नैतिक मूल्यों पर कुठाराघात है।
प्रतिनिधिमंडल में महाजन के अतिरिक्त महिला मोर्चा की उपाध्यक्ष ललिता शर्मा, कार्यालय मंत्री सिम्मी जैन, दिल्ली प्रदेश महिला मोर्चा की उपाध्यक्ष उषा बडोला शामिल थीं।





























पोस्टे बी pradeep raj soni
chalo bhai koi to jaga nahi to tv per to hamare sabhi poranic vayaktiyo ka apman comday ke jariye kiya
रेप्ली टू थिस कमेंट